इरेक्टाइल डिसफंक्शन (ED) – होम्योपैथिक दृष्टिकोण
इरेक्टाइल डिसफंक्शन वह स्थिति है जब पुरुष पर्याप्त या स्थायी स्तंभन नहीं बना पाता, जिससे संतोषजनक यौन‑संबंध कठिन हो जाते हैं
मुख्य कारण
तनाव, मधुमेह, ब्लड प्रेशर, मोटापा, धूम्रपान, अल्कोहल, हार्मोनल असंतुलन और कुछ दवाओं के साइड‑इफेक्ट शामिल हो सकते हैं |
होम्योपैथी में मरीज की पूरी मानसिक‑शारीरिक प्रकृति देखकर व्यक्तिगत दवा चुनी जाती है |
विभिन्न रिसर्च व क्लिनिकल अनुभव बताते हैं कि उपयुक्त होम्योपैथिक इलाज से कई मरीजों में यौन‑शक्ति, आत्मविश्वास और जीवन‑गुणवत्ता में सुधार देखा गया है।
सामान्यतः उपयोग में आने वाली होम्योपैथिक औषधियां
⚠️ महत्वपूर्ण सूचना
यह जानकारी केवल शैक्षणिक उद्देश्य से दी गई है। औषधि का चयन रोगी की समग्र लक्षण-चित्र (Totality of Symptoms) के आधार पर योग्य होम्योपैथिक चिकित्सक द्वारा किया जाना चाहिए।
Agnus castus, Caladium, Lycopodium, Selenium, Yohimbinum, लेकिन इनका चयन हमेशा योग्य होम्योपैथिक चिकित्सक की सलाह से ही करें।
लाइफ़‑स्टाइल में सुधार भी बहुत ज़रूरी है: धूम्रपान‑अल्कोहल से दूरी, नियमित व्यायाम, वजन नियंत्रण, पर्याप्त नींद, और रिलैक्सेशन तकनीकें (योग, प्राणायाम, मेडिटेशन) ED पर सकारात्मक असर डाल सकती हैं।